रुद्राभिषेक में भगवान शिव (रुद्र) का जल, दूध, दही, घी, शहद और शक्कर जैसे पवित्र द्रव्यों से अभिषेक किया जाता है। साथ में रुद्री पाठ या शिव मंत्रों का उच्चारण होता है।
कब करवाएँ
श्रावण मास और महाशिवरात्रि
हर सोमवार और प्रदोष
नया काम, घर या स्वास्थ्य संबंधी कामना के लिए
ज़रूरी सामग्री
गंगाजल या शुद्ध जल, कच्चा दूध, दही, घी, शहद, शक्कर
बेलपत्र, धतूरा, आक के फूल, सफ़ेद चंदन
धूप, दीप, फल और प्रसाद
विधि संक्षेप में
संकल्प लेकर गणेश पूजन किया जाता है, फिर शिवलिंग का क्रम से अभिषेक, बेलपत्र अर्पण, मंत्र जाप और अंत में आरती और प्रसाद वितरण होता है। पूजा की सही तिथि और विधि के लिए अपने पंडित जी से परामर्श अवश्य लें।